Festival Season में बढ़ा साइबर ठगी का खतरा, फर्जी ऑफर्स और फेक लिंक से रहें सतर्क
Latest News: त्योहारी सीजन की शुरुआत के साथ ही जहां बाजारों और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर खरीदारी का जोश देखने को मिल रहा है, वहीं साइबर अपराधियों की सक्रियता भी तेजी से बढ़ रही है। खासतौर पर ऑनलाइन शॉपिंग करने वाले उपभोक्ता अब साइबर जालसाजी के निशाने पर हैं।
नकली वेबसाइट और भारी छूट के नाम पर हो रही ठगी
साइबर ठग फेस्टिव सीजन में लोगों को लुभावने ऑफर्स का झांसा देकर फर्जी वेबसाइट और ऐप्स के ज़रिए ठगी को अंजाम दे रहे हैं। “70% डिस्काउंट”, “फ्लैश सेल” और “क्लियरेंस सेल” जैसे शब्दों का इस्तेमाल कर असली ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स जैसे Amazon और Flipkart की हूबहू नकल तैयार की जाती है।
जैसे ही कोई व्यक्ति इन नकली वेबसाइट्स पर अपने कार्ड या UPI डिटेल्स दर्ज करता है, उसका डेटा साइबर अपराधियों के पास चला जाता है, जिससे खाते से तुरंत पैसे गायब हो जाते हैं।
शादी के कार्ड या फैमिली फंक्शन का झांसा देकर मोबाइल कर रहे हैक
हाल ही में कई लोगों को व्हाट्सऐप पर “शादी का निमंत्रण” या “फैमिली फंक्शन इनविटेशन” के नाम पर एक संदिग्ध लिंक भेजा गया। इस लिंक में .apk फाइल अटैच होती है, जिसे क्लिक करते ही यूजर के फोन का कंट्रोल साइबर ठगों को मिल जाता है।
इससे न सिर्फ बैंकिंग ऐप्स बल्कि सोशल मीडिया अकाउंट्स भी हैक हो सकते हैं, और आपकी निजी जानकारी खतरे में पड़ सकती है।
कैसे बचें साइबर ठगी से?
- हमेशा भरोसेमंद वेबसाइट्स और ऐप्स से ही शॉपिंग करें।
- अनजान लिंक या फाइल्स पर क्लिक करने से बचें।
- मोबाइल में एंटीवायरस और ऐप परमिशन की नियमित जांच करें।
- किसी भी ऑफर को जांचे-परखे बिना व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें।
- .apk फाइल्स केवल गूगल प्ले स्टोर या आधिकारिक स्रोत से ही डाउनलोड करें।
त्योहारी माहौल में खरीदारी का उत्साह अपनी जगह है, लेकिन डिजिटल सतर्कता भी उतनी ही ज़रूरी है। एक छोटी सी लापरवाही आपके बैंक खाते और निजी जानकारी को खतरे में डाल सकती है।