फिलीपींस में 6.9 तीव्रता का भूकंप, भूकंप से भारी तबाही, कई इमारतें ढहीं, अब तक 22 लोगों की मौत
Earthquake in Philippines: अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार देर रात मध्य फिलीपीन प्रांत में आए तीव्र भूकंप के कारण घरों और इमारतों की दीवारें ढह गईं, जिससे कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई और कई घायल हो गए।
Philippines Earthquake: फिलीपींस की धरती भूकंप के तेज झटकों से दहल उठी है। मंगलवार-बुधवार की रात आए शक्तिशाली भूकंप ने जमकर तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा के चलते कम से कम 20 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई घायल हुए हैं।
विनाशकारी भूकंप से लोगों में दहशत फैल गई हैं। अब तक की सामने आई जानकारी में पता चला है कि भूकंप फिलीपींस के ‘रिंग ऑफ फायर’ क्षेत्र में आया जिसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 6.9 मापी गई। यह भूकंप इतना भयानक था कि 22 लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हैं। भूकंप की तीव्रता 6.9 मैग्नीट्यूड आंकी गई है। फिलीपींस सरकार के अनुसार, यह इस साल की सबसे बड़ी आपदा है, जिसमें इतनी ज्यादा संख्या में लोगों की जान चली गई।
22 लोगों की मौत
मंगलवार की रात लगभग 10 बजे केबु शहर के तटों पर भूकंप के तेज झटके लगे, जिसमें कई इमारतें धराशायी हो गईं। सैन रेमिगियो शहर की मेयर अल्फी रेन्स ने भूकंप से हुई तबाही की पुष्टि की है। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा बताया कि 22 लोगों की मौत हुई है, जिनमें से 21 मौतें सिर्फ केबु प्रांत में दर्ज की गई हैं।
भूकंप का केंद्र कहां?
देश के प्रबंधन विभाग ने बताया कि भूकंप का केंद्र सेबू के बोगो शहर के पास विसायन सागर में लगभग 5 से 10 किलोमीटर की उथली गहराई में मिला। भूकंप से फिलीपींस के सेबू, बोहोल, समर, बिलिरान और नेग्रोस शहरों के लोग सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं।
मलबा बन गईं इमारतें
फिलीपींस इंस्टीट्यूट ऑफ वोल्कैनोलॉजी एंड सिस्मोलॉजी (PHIVOLCS) ने चेतावनी जारी कर लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, भूकंप के झटके इतने तेज थे कि कई इमारतें पूरी तरह से ढह गईं। इससे कई लोग मलबे में दब गए। स्थानीय समयानुसार दोपहर बाद आए इस भूकंप की वजह से कई इलाकों में लोग डरे-सहमे हुए हैं।
राहत और बचाव कार्य में में जुटा आपदा प्रबंधन
फिलीपींस के आपदा प्रबंधन अधिकारी तत्काल राहत और बचाव कार्य में जुट गए हैं। मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए बचाव टीमें लगातार लगी हुई हैं। इसके अलावा मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका है। क्योंकि कई लोग लापता बताए जा रहे हैं। वहीं घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।