करनाल में पश्चिमी यमुना नहर से ज्वेलर का शव बरामद, 10 दिन से थे लापता
हरियाणा के करनाल जिले में पश्चिमी यमुना नहर से एक ज्वेलर का शव मिलने से सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान चंडीगढ़ सेक्टर-37 निवासी श्याम सुंदर के रूप में हुई है, जो बीते 10 दिनों से लापता थे। पुलिस की शुरुआती जांच में मामला आत्महत्या का बताया जा रहा है, हालांकि परिजनों ने इस पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है
हालांकि, परिजनों का कहना है कि श्याम सुंदर खुशमिजाज व्यक्ति थे और उन्हें किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं थी। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है।
शुक्रवार को मिला शव, पहचान नहीं हुई
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर को करनाल में कैथल रोड के पास पश्चिमी यमुना नहर में लोगों ने एक व्यक्ति का शव देखा। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने शव को बाहर निकाला। उसकी उम्र करीब 45 साल के आसपास बताई गई। हालांकि, उस समय शव की पहचान नहीं हुई।
डेडबॉडी करीब एक सप्ताह पुरानी हो चुकी थी, इसलिए पानी में उसके अंग फूल गए थे। जब उसकी तलाशी ली गई तो जेब से काले रंग का पर्स मिला। उस पर्स के अंदर से आईसीआईसीआई बैंक के 3 क्रेडिट कार्ड, आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस मिला था।
क्रेडिट कार्ड से घर तक पहुंची पुलिस
इसके अलावा 500-500 रुपए के नोटों की गड्डी मिली, जो साढ़े 45 हजार रुपए थे। आधार कार्ड पर श्याम सुंदर नाम और सेक्टर-37 चंडीगढ़ का पता लिखा हुआ था। पुलिस ने शव के पास से क्रेडिट कार्ड के आधार पर जांच शुरू की। पुलिस आईसीआईसीआई बैंक में पहुंची और वहां से क्रेडिट कार्ड की डिटेल निकाली। क्रेडिट कार्ड से ही परिजन का नंबर मिल गया। उस पर संपर्क किया गया और परिजन को जानकारी दी गई। शनिवार को परिजन करनाल सिविल अस्पताल के शवगृह पहुंचे और शव की शिनाख्त की।
कर्जा होने पर सुसाइड किया
रामनगर थाना प्रभारी महावीर सिंह ने बताया कि श्याम सुंदर ज्वेलर थे और 10 दिन से लापता थे। बिजनेस में घाटा होने के कारण श्याम सुंदर काफी परेशान थे। उन पर कर्जा हो गया था। फाइनेंसर उन पर पैसे चुकाने का दबाव बना रह थे।
20 जनवरी को श्याम सुंदर अचानक घर से लापता हो गए। चूंकि, उन्होंने फोन घर ही छोड़ दिया था, जिससे परिजन उनसे संपर्क नहीं कर सके। श्याम सुंदर का पता न लगने पर परिजन ने चंडीगढ़ के सेक्टर-39 थाने में गुमशुदगी की शिकायत दी। इसके बाद से पुलिस और परिजन उनकी तलाश कर रहे थे।
वहीं, मृतक के भाई सुशील कुमार का कहना है कि शुक्रवार, 30 जनवरी की शाम को करनाल पुलिस का कॉल आया कि श्याम सुंदर का शव मिला है। मौके पर पहुंचे तो वह उन्हीं का शव था। पुलिस को जो पैसे मिले थे, वे हमें दे दिए।
सुशील ने बताया कि श्याम सुंदर के दो बच्चे हैं- एक लड़का और एक लड़की। श्याम सुंदर बहुत ही खुशमिजाज थे। उन्हें किसी भी तरह की कोई परेशानी नहीं थी। उन्होंने पुलिस से मामले की पूरी जांच करने की गुहार लगाई है।