सुखोई विमान दुर्घटना में शहीद हुए वीर अधिकारियों का बलिदान देश कभी नहीं भूलेगा : आरती सिंह राव
Aarti Singh Rao Statement; हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने असम के कार्बी आंगलोंग क्षेत्र में भारतीय वायुसेना के सुखोई Su-30MKI लड़ाकू विमान दुर्घटना में शहीद हुए स्क्वाड्रन लीडर अनुज वशिष्ठ और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि दोनों जांबाज अधिकारी देश की सेवा और सुरक्षा के लिए पूरी निष्ठा से समर्पित थे। कर्तव्य पालन के दौरान उनका इस प्रकार असमय चले जाना पूरे देश के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र उनके साहस, समर्पण और सर्वोच्च बलिदान को सदैव याद रखेगा।
आरती सिंह राव ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति और परिजनों को इस कठिन समय में धैर्य व शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की। उन्होंने बताया कि शहीद स्क्वाड्रन लीडर अनुज वशिष्ठ (29 वर्ष) मूल रूप से हरियाणा के भिवानी जिले से संबंध रखते थे, जबकि वर्तमान में उनका परिवार गुरुग्राम के सेक्टर-22बी में रह रहा है। उनके पिता सूबेदार आनंद प्रकाश, माता श्रीमती अनिता देवी तथा एक छोटा भाई है।
अनुज वशिष्ठ ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा गुरुग्राम के सेक्टर-14 स्थित केंद्रीय विद्यालय से प्राप्त की थी। इसके बाद उन्होंने भारतीय वायुसेना में शामिल होकर देश सेवा का मार्ग चुना। वह अविवाहित थे और परिवार में उनकी शादी की तैयारियां चल रही थीं। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि देश के ये वीर सपूत मातृभूमि की रक्षा करते हुए अमर हो गए हैं और उनका बलिदान सदैव देशवासियों को राष्ट्र सेवा और कर्तव्यनिष्ठा की प्रेरणा देता रहेगा।