अमृत योजना पर करोड़ों खर्च करने का सरकार का दावा खोखला, घरों में पहुंच रहा सीवरेज का गंदा पानी: अनुराग ढांडा

चंडीगढ़, 8 जनवरी 2026: आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने गुरुवार को हरियाणा में पेयजल संकट को लेकर बीजेपी सरकार को तथ्यों और सरकारी आंकड़ों के आधार पर कठघरे में खड़ा कर दिया है। उन्होंने कहा कि 11 सालों से भी ज्यादा समय से बीजेपी की सरकार हरियाणा में काबिज़ है, […]
Khushi
By : Updated On: 08 Jan 2026 17:39:PM
अमृत योजना पर करोड़ों खर्च करने का सरकार का दावा खोखला, घरों में पहुंच रहा सीवरेज का गंदा पानी: अनुराग ढांडा

चंडीगढ़, 8 जनवरी 2026: आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने गुरुवार को हरियाणा में पेयजल संकट को लेकर बीजेपी सरकार को तथ्यों और सरकारी आंकड़ों के आधार पर कठघरे में खड़ा कर दिया है। उन्होंने कहा कि 11 सालों से भी ज्यादा समय से बीजेपी की सरकार हरियाणा में काबिज़ है, लेकिन आज भी प्रदेश की बड़ी आबादी गंदा, दूषित और जानलेवा पानी पीने को मजबूर है। यह सिर्फ नाकामी नहीं, बल्कि 11 साल का साबित हुआ सरकारी धोखा है।

अनुराग ढांडा ने कहा कि आज भी हरियाणा के 3500 से ज्यादा गांवों में पानी पीने योग्य नहीं है। कई जिलों में पानी में नाइट्रेट, फ्लोराइड, आर्सेनिक और यूरेनियम की मात्रा तय मानकों से कई गुना ज्यादा पाई गई है। सोनीपत में आर्सेनिक, दक्षिण हरियाणा में फ्लोराइड, कई जिलों में नाइट्रेट और यूरेनियम की मौजूदगी सरकार की पूरी व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। उन्होंने कहा कि विश्व स्वास्थ्य संगठन और भारत सरकार के मानकों के अनुसार पीने के पानी में टीडीएस की सुरक्षित सीमा 200- 300 मिलीग्राम प्रति लीटर होनी चाहिए, जबकि हरियाणा के कई शहरों और गांवों में लोगों को 1000 से 2000 टीडीएस तक का पानी पिलाया जा रहा है। यह पानी धीरे-धीरे शरीर को बीमार करता है और ब्लड प्रेशर, पथरी, पेट की गंभीर बीमारियां, हड्डियों की कमजोरी और कैंसर तक का खतरा पैदा करता है।

अनुराग ढांडा ने कहा कि बीजेपी सरकार अमृत योजना के नाम पर करोड़ों और जल जीवन मिशन के नाम पर हजारों करोड़ रुपये खर्च करने का दावा करती है, लेकिन ज़मीनी सच्चाई इसके ठीक उलट है। ये योजनाएं भी भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है। चरखी दादरी और बाढड़ा जैसे इलाकों में 90 करोड़ रुपये खर्च होने के बाद भी करीब 1 लाख लोग प्यासे हैं। हिसार, कैथल, कुरुक्षेत्र, भिवानी, सोनीपत और अंबाला में आज भी 50 से 60 साल पुरानी पाइपलाइनें चल रही हैं, जो सीवर नालों के ऊपर से गुजरती हैं और सीधे गंदा पानी लोगों के घरों तक पहुंचा रही हैं। रेवाड़ी में तो हालात इतने खराब हैं कि एसटीपी प्लांट से ही दूषित पानी छोड़े जाने की खबरें सामने आई हैं।

उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन के तहत हर घर नल से जल का दावा किया गया, लेकिन सरकारी सर्वे खुद बताते हैं कि कई जिलों में लोगों को रोज़ाना न्यूनतम 40 लीटर प्रति व्यक्ति पानी भी नहीं मिल पा रहा। कहीं कवरेज आधा है तो कहीं एक-तिहाई से भी कम। इसका मतलब साफ है कि योजनाएं काग़ज़ों में पूरी हैं, ज़मीन पर पूरी तरह फेल। मतलब साफ है, कागज़ों में योजना पूरी, ज़मीन पर जनता बेहाल।

अनुराग ढांडा ने कहा कि यह सवाल मुख्यमंत्री नायब सिंह से सीधा पूछा जाना चाहिए कि 11 साल से ज्यादा समय तक बीजेपी सरकार ने आखिर किया क्या? जब सरकार को पता है कि पानी के सैंपल फेल हो रहे हैं, तब भी न नियमित क्लोरीफिकेशन, न पाइपलाइन बदलने की रफ्तार और न ही दोषी अधिकारियों पर कोई सख्त कार्रवाई। मध्य प्रदेश में दूषित पानी से लोगों की मौत के बाद भी हरियाणा की बीजेपी सरकार कुंभकर्ण की नींद सोई हुई है। क्या बीजेपी सरकार किसी बड़े हादसे का इंतज़ार कर रही है?

उन्होंने कहा कि बीजेपी का 11 सालों का शासन हरियाणा की जनता के लिए ज़हर साबित हो रहा है। इतने लंबे समय तक सत्ता में रहने के बाद भी अगर लोगों को पीने का साफ पानी न मिले, तो यह सरकार के पूरी तरह फेल होने का सबसे बड़ा सबूत है।

अनुराग ढांडा ने चेतावनी दी कि अगर तुरंत हरियाणा के हर शहर और गांव में शुद्ध, सुरक्षित और मानक के अनुसार पेयजल की व्यवस्था नहीं की गई, तो आम आदमी पार्टी जनता के साथ मिलकर प्रदेशव्यापी आंदोलन छेड़ेगी। आम आदमी पार्टी हरियाणा की जनता के स्वास्थ्य और जीवन की रक्षा के लिए पूरी ताकत से लड़ाई लड़ेगी।

Read Latest News and Breaking News at Daily Post TV, Browse for more News

Ad
Ad