हिमाचल में जवान को 6 वर्षीय बेटे ने दी मुखाग्नि, असम में हुए शहीद
Himachal Pradesh: पुष्पेंद्र 15 जुलाई को असम में ड्यूटी के दौरान पेड़ की टहनी गिरने से शहीद हो गए थे। वह 11 दिन पहले ड्यूटी पर लौटे थे।
Martyred Jawan Funeral: किन्नौर जिला के असम में शहीद जवान की पार्थिव देह आज सुबह पैतृक गांव थैमगारंग लाई गई। शहीद की पार्थिव देह कुछ देर के लिए गांव में अंतिम दर्शन को रखी गई। इस दौरान पत्नी ने सैल्यूट देकर अपने पति को अंतिम विदाई दी। पुष्पेंद्र नेगी का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। पुष्पेंद्र 15 जुलाई को असम में ड्यूटी के दौरान पेड़ की टहनी गिरने से शहीद हो गए थे। वह 11 दिन पहले ड्यूटी पर लौटे थे।
पार्थिव देह के घर पर दर्शन के बाद अंतिम शव यात्रा में बड़ी संख्या में किन्नौर के लोग शामिल हुए। थैमगारंग गांव पुष्पेंद्र नेगी अमर रहे के नारों से गूंज उठा। पुष्पेंद्र नेगी 19 डोगरा रेजिमेंट में सेवारत्त थे। वह बीते सोमवार को असम में ड्यूटी पर थे। इस दौरान वह तूफान के कारण पेड़ की टहनियों की चपेट में आ गए। इससे उनकी शहादत हो गई।
शहीद पुष्पेंद्र नेगी का पैतृक गांव थैमगारंग में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। 6 साल के बेटे ने उन्हें मुखाग्नि दी। इससे पहले जब पार्थिव देह घर पहुंची तो पत्नी कीर्ति नेगी ताबूत से लिपट गईं। इस दौरान पत्नी ने कहा- हमेशा आपके नाम के साथ ही जिऊंगी। अपने साथ किसी ओर का नाम नहीं जुड़ने दूंगी। पत्नी ने सैल्यूट देकर पति को विदाई दी।

नेगी अपने पीछे पत्नी कीर्ति नेगी, बेटे एतिक, पिता महेंद्र नेगी और माता सरला देवी को छोड़ गए हैं। 6 साल का बेटा बार-बार अपने पिता के बारे में पूछ रहा है।
पत्नी से कहा था- 2 महीने बाद छुट्टी आऊंगा
29 वर्षीय पुष्पेंद्र नेगी 2013 में 19 डोगरा रेजिमेंट में भर्ती हुए थे। वह 17 जून को छुट्टी पर घर आए थे। इसके बाद 4 जुलाई को ड्यूटी पर लौट गए थे। ड्यूटी पर जाते वक्त उन्होंने पत्नी से कहा था कि 2 महीने बाद फिर छुट्टी आऊंगा।
हिमाचल CM और डिप्टी CM ने जताया शोक
हिमाचल के CM सुखविंदर सिंह सुक्खू और डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री ने पुष्पेंद्र नेगी की शहादत पर दुख जताया है। CM ने कहा कि वीर जवान को प्रदेश हमेशा श्रद्धा और कृतज्ञता के साथ याद करेगा।