छठ के मौके पर फिर डाउन हुई IRCTC की वेबसाइट, टिकट बुक ना हो पाने की वजह से हो रहे परेशान
IRCTC Down: IRCTC को आज सुबह कुछ समय के लिए डाउनटाइम का सामना करना पड़ा। जिससे टिकट बुक करने की कोशिश कर रहे हजारों यूजर्स परेशान हो गए हैं।
IRCTC Down: भारतीय रेलवे के आधिकारिक टिकट बुकिंग प्लेटफॉर्म IRCTC की वेबसाइट और मोबाइल ऐप एक बार फिर ठप पड़ गई है। आज (25 अक्टूबर) को इसे डाउन हो गई है। इससे यात्रियों को टिकट बुक करने में समस्या आ रही है और सोशल मीडिया पर इसकी शिकायतें भी करते नजर आए हैं। त्योहारों के बीच 10 दिन में ऐसा दूसरी बार हुआ है, जब IRCTC की वेबसाइट और ऐप डाउन हुई हो।
इससे पहले दिवाली से पहले भी रेलवे की वेबसाइट और ऐप दोनों कई घंटों के लिए ठप हो गई थी। इसके चलते त्योहारों पर घर जाने वाले लोगों को रेलवे टिकट बुक करने में काफी परेशानी उठानी पड़ी।
टिकट बुक करते लिखा आ रहा ये मैसेज
आज भी IRCTC की वेबसाइट और मोबाइल ऐप पर टिकट बुक करते समय ऐसी ही समस्या आ रही है। इस पर एक मैसेज दिख रहा है, जिसमें लिखा है कि यह साइट अभी पहुंच से बाहर है, कृपया कुछ समय बाद प्रयास करें। कई लोगों सोशल मीडिया पर इसकी शिकायत करते नजर आए।
एक्स पर लोगों ने की शिकायतें
IRCTC की वेबसाइट-ऐप ऐसे समय पर डाउन हुई जब तत्काल टिकट बुक होती हैं। एक्स पर एक यूजर ने कहा, “तत्काल टिकट बुक करते समय यह एरर दिखाई दे रहा है। रेलवे अपने कस्मयूमर को दी जाने वाली सेवाओं के लिए गंभीर नहीं है।” कई लोग इस तरह की शिकायतें की।
बार-बार हो रहे आउटेज
IRCTC के प्लेटफॉर्म पर यह पहली बार नहीं है जब पीक टाइम बुकिंग के दौरान तकनीकी परेशानी आई हो। त्योहारों के समय या Tatkal बुकिंग खुलते ही प्लेटफॉर्म पर स्लोडाउन या आउटेज होना आम बात है। पिछले सप्ताह भी दिवाली से पहले शुक्रवार को हजारों यात्रियों को इसी तरह की समस्या का सामना करना पड़ा था। उस समय भी तत्काल टिकट बुकिंग शुरू होने से ठीक पहले साइट डाउन हो गई थी और कई लोगों को “सर्वर अभी रिक्वेस्ट को प्रोसेस नहीं कर पा रहा है। एरर कोड 109” जैसे मैसेज मिले थे।
बता दें कि IRCTC की वेबसाइट पर सुबह 10 बजे ट्रेन के एसी श्रेणी (AC Class) के लिए तत्काल कोटे की टिकट बुकिंग खुलती है। वहीं, सुबह 11 बजे से नॉन एसी की बुकिंग ओपन होती है। इसी समय पर वेबसाइट ठप होने से लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। लोगों का कहना है कि उन्हें बार-बार इसी तरह की समस्या का सामना करना पड़ता है और रेलवे इसका समाधान नहीं निकालता।