गुरुग्राम में अंतरराष्ट्रीय नशा तस्करी गिरोह का भंडाफोड़; नशा तस्कर लखबीर सिंह पंजाब से गिरफ्तार
Haryana News: गुरुग्राम पुलिस ने पार्सल के माध्यम से अमेरिका तक अवैध मादक पदार्थों की सप्लाई करने वाले एक संगठित अंतरराष्ट्रीय गिरोह का खुलासा करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। अपराध शाखा सेक्टर-40, गुरुग्राम की टीम ने इस गिरोह के एक सक्रिय सदस्य को पंजाब के तरण-तारण जिले से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान लखबीर सिंह निवासी गांव कोट दाता, जिला तरण-तारण (पंजाब) के रूप में हुई है। आरोपी पर ₹5,000 का इनाम घोषित था और वह लंबे समय से फरार चल रहा था।
पुलिस प्रवक्ता संदीप ने बताया की , 25 मई 2023 को हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल बोर्ड को DHL एक्सप्रेस, उद्योग विहार गुरुग्राम से सूचना मिली थी कि एक अंतरराष्ट्रीय पार्सल में नशीला पदार्थ होने की आशंका है। सूचना मिलते ही हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल बोर्ड की विशेष टीम मौके पर पहुंची और कंपनी के सुरक्षा व जांच अधिकारी की मौजूदगी में पार्सल की विधिवत जांच की गई।
जांच के दौरान पार्सल में रखे गए च्यवनप्राश के दो डिब्बों (प्रत्येक एक किलोग्राम) को खोलने पर उनके भीतर प्लास्टिक में छिपाकर रखी गई कुल 842 ग्राम अवैध अफीम बरामद की गई। दस्तावेजों की जांच में पार्सल भेजने वाले व्यक्ति के रूप में लखबीर सिंह का नाम सामने आया, जिसके आधार पर थाना उद्योग विहार, गुरुग्राम में संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।
वही घटना के बाद से आरोपी फरार था, जिसे फरवरी 2025 में माननीय न्यायालय द्वारा भगोड़ा घोषित किया गया था। साथ ही, हरियाणा पुलिस महानिदेशक द्वारा उसकी गिरफ्तारी पर इनाम भी घोषित किया गया था। लगातार प्रयासों के बाद पुलिस टीम ने 16 दिसंबर 2025 को आरोपी को पंजाब से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया।पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी वर्ष 2022 से अंतरराष्ट्रीय मादक पदार्थ तस्करी गिरोह से जुड़ा हुआ था। गिरोह के सदस्य पाकिस्तान से नशीले पदार्थ भारत मंगवाते थे, जहां से इन्हें खाद्य सामग्री जैसे च्यवनप्राश, लड्डू व अन्य खाने-पीने की वस्तुओं के पैकेटों में छिपाकर पार्सल के जरिए अमेरिका भेजा जाता था।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि ये पार्सल अमेरिका में डोंकी रूट के माध्यम से गए लोगों के फर्जी पतों पर भेजे जाते थे। प्रत्येक पार्सल के बदले आरोपी को 2 से 5 लाख रुपये तक की रकम मिलती थी। बरामद अफीम की भारत में अनुमानित कीमत लगभग 4.5 लाख रुपये है, जबकि अमेरिका में इसे करीब पांच गुना अधिक कीमत पर बेचा जाना था।पुलिस के अनुसार, पार्सल पंजाब से DTDC कंपनी के माध्यम से भेजे जाते थे, जिन्हें आगे DHL एक्सप्रेस द्वारा विदेश पहुंचाया जाता था। आरोपी के बैंक खातों की जांच में बीते एक वर्ष में करीब 66 लाख रुपये के संदिग्ध लेन-देन का भी खुलासा हुआ है।
गिरफ्तार आरोपी की जानकारी पंजाब पुलिस के एंटी नारकोटिक्स विभाग और इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के साथ साझा की गई है। फिलहाल आरोपी पुलिस रिमांड पर है और उससे गिरोह के अन्य सदस्यों, अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क, पाकिस्तान व विदेश में मौजूद संपर्कों तथा वित्तीय लेन-देन को लेकर भी पूछताछ की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।