उपायुक्त ने जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं सुरक्षित स्कूल वाहन पॉलिसी की आयोजित बैठक की करी अध्यक्षता
पंचकूला– उपायुक्त श्री सतपाल शर्मा ने आज लघु सचिवालय के सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं सुरक्षित स्कूल वाहन पॉलिसी की आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिला में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए विभिन्न संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और आमजन विशेषकर युवाओं में ट्रॉफिक नियमों के बारे में जागरूकता बढाने के निर्देश दिए।
उन्होंने बताया कि जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं सुरक्षित स्कूल वाहन पॉलिसी का उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं को रोकना और मृत्यु दर में कमी लाना है। उन्होंने कहा कि मानव जीवन अमूल्य है और दुर्घटना के तुरंत बाद पीड़ित को प्राथमिक चिकित्सा उपलब्ध करवाकर पीड़ित की जान बचायी जा सकती है। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटना के तुरंत बाद पीड़ित को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर पंहुचाना सुनिश्चित किया जाए ताकि समय रहते आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाई जा सके।
उपायुक्त ने पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि ट्रॉफिक नियमों की पालना सुनिश्चित करने के लिए युवाओं को विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से जागरूक किया जाए। इसके अलावा सड़क सुरक्षा नियमों की सख्ती से पालना सुनिश्चित की जाए और विशेष अभियान चलाकर बिना हैलमेट, ओवर स्पीडिंग और रॉग साइड वाहन चलाने वालों के चालान किए जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि धुंध को देखते हुए पुलिस नाका खत्म होने उपरांत वहां लगाए गए बैरीकेड को सडक से तुरंत हटवाना सुनिश्चित किया जाए ताकि सडक में वाहनों की आवाजाही सुगम रहे और कोई सडक दुर्घटना ना हो।
उपायुक्त ने विभिन्न सडक निर्माण एजेंसियों को निर्देश दिए कि सडक निर्माण व मरम्मत का कार्य पूरा होने के उपरांत निर्माण सामग्री जैसे बजरी, रेती इत्यादि को तुरंत सडक से उठावाया जाए। उन्होंने कहा कि ऐसे कई मामले सामने आए है जहां निर्माण सामग्री सडक पर अव्यवस्थित तरीके से पडे होने की वजह से वाहन स्लीप होने के कारण दुर्घटनाएं होती है। उन्होंने सड़क निर्माण एजेंसियों को आवश्यकतानुसार साईन बोर्ड लगाने और रोड मार्किंग करने के भी निर्देश दिए।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने विभिन्न सेक्टरों के साथ लगी सडको पर बने फुटपाथ की स्थिति की समीक्षा की और नगर निगम को नियमित तौर पर साफ सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ताकि आम नागरिक को फुटपाथ पर चलते हुए किसी असुविधा का सामना ना करना पडे। उन्होंने कहा कि पुलिस यह सुनिश्चित करे कि कोई भी वाहन सडक पर पार्क ना किया जाए।
सुरक्षित स्कूल वाहन पॉलिसी की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने निर्देश दिए कि सभी स्कूली बसों का नियमित तौर पर निरीक्षण किया जाए। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि सभी वाहनों में बच्चों की सुरक्षा के लिए आवश्यक उपकरण और प्राथमिक चिकित्सा कीट उपलब्ध हो। बैठक में बताया गया कि नवंबर में आरटीए पंचकूला, शिक्षा विभाग और ट्रॉफिक पुलिस द्वारा 105 बसों का निरीक्षण किया गया, जिसमें नियमों की उल्लंघना पाए जाने पर 25 बसों का चालान किया गया। इसी प्रकार दिसंबर में 109 बसों की जांच की गई, जिसमे से 27 बसों में नियमों की उल्लंघना पाए जाने पर चालान किया गया।
इस अवसर पर आरटीए पंचकूला हैरतजीत कौर, एसीपी ट्रॉफिक सुरेंद्र, एसडीएम कालका संयम गर्ग, एसडीएम पंचकूला चंद्रकांत कटारिया, डिप्टी सिविल सर्जन डॉ विकास गुप्ता, एसएचओ ट्रॉफिक वरिंद्र कुमार के अलावा शिक्षा विभाग, एचएसवीपी, पीएमडीए, पीडब्ल्यूडी बी एंड आर, एनएचएआई और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।