बोर्ड ने की सख्ती, अपनी पहचान बताने वालो के बनाए केस : शिक्षा बोर्ड चेयरमैन
भिवानी, 26 अप्रैल : मेरी मम्मी काफी बीमार हो गई थी, इसलिए में इस बार परीक्षा में पढ़ नहीं सका। मुझे पास कर देना प्लीज प्लीज़। ऐसे ऐसे शब्द भिवानी के मार्किंग सेंटर पर अध्यापकों को पेपर में बच्चो से लिखे हुए मिले। एक छात्रा ने तो यहां तक लिखा की पास कर देना नहीं तो मेरा रिश्ता टूट जाएगा।
ये शब्द हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की सीनियर सेकेंडरी परीक्षा में मार्किंग सेंटर पर पेपरों में लिखे हुए मिले। हालाकि बोर्ड परीक्षा उत्तर पुस्तिका के फोटो लेना तो कानूनी अपराध की श्रेणी में आने के कारण ये आपको लिखा हुआ दिखाया नहीं जा सकता, लेकिन इस तरह की कई बाते बच्चो ने लिखी।
बता दे की हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की सीनियर सैकेंडरी की मार्किंग इन दिनों चल रही है। इन परीक्षा में प्राध्यापक परीक्षा की मार्किंग कर रहे है तक कई बच्चे इस तरह की बाते लिख रहे है। छात्रो ने जो इस तरह की बात के साथ अपनी पहचान लिख रहे है तो उन पर केस भी बनाये जा रहे है लेकिन जो बिना पहचान के है उन पर कोई केस दर्ज नहीं किए गए है।
शिक्षा बोर्ड चेयरमैन डा. पवन कुमार ने बताया की इस तरह के कई छात्र मिले है, जिन्होंने प्राध्यापक के नाम पत्र लिखे है। वह पत्र उत्तर पुस्तिका में ही लिखे है। जिनमे उन्होंने लिखा है कि मेरा रिश्ता हो गया है, जल्द ही शादी भी है रिश्ता तय होने के कारण पढ़ नहीं पाई। आपसे निवेदन है की पास कर दे वरना मेरा रिश्ता टूट जाएगा। एक छात्र ने लिखा की पिता जी बीमार हो गए थे, पढ़ नहीं पाया और फेल हो गया तो ज़्यादा दिक्कत हो जाएगी। आपसे निवेदन है की पास कर दे।
बोर्ड चेयरमैन डा. पवन कुमार ने बताया की ऐसे कई मामले आए है जिनमे पास करने की बात कही है लेकिन ऐसे कोई बच्चे पास नहीं किए जाते। उन्होंने बताया कि कई बच्चे साइकोलॉजी तौर पर कमजोर होते है ऐसे में वे इस तरह की बात लिखते है। बोर्ड चेयरमैन ने बताया की जो बच्चे अपनी पहचान या स्कूल का नाम लिखते है तो उनके खिलाफ कार्यवाही की जाती है।